
Haryana News (Best E News) हरियाणा कैबिनेट के 7 बड़े फैसले मंगलवार को चंडीगढ़ में हुई बैठक में लिए गए हैं। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में सभी सात एजेंडों को मंजूरी दे दी गई। बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने बताया कि 26 नवंबर को संविधान दिवस के मौके पर हरियाणा विधानसभा का एक दिवसीय विशेष सत्र बुलाया जाएगा।
बैठक में सबसे अहम फैसला ट्रैवल एजेंटों को लेकर लिया गया है। अब हरियाणा में ट्रैवल एजेंट का काम करने वालों के लिए पंजीकरण कराना जरूरी होगा। सरकार का कहना है कि विदेश में नौकरी दिलाने और अच्छे भविष्य का सपना दिखाकर युवाओं के साथ होने वाली ठगी को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है। नए नियमों के तहत पुराने और नए सभी ट्रैवल एजेंटों को रजिस्ट्रेशन कराना होगा। उनकी पुलिस जांच भी होगी।
अगर कोई एजेंट अलग अलग शहरों में अपनी शाखा खोलता है तो उसे हर शाखा का अलग पंजीकरण कराना पड़ेगा। टूरिस्ट वीजा एजुकेशन वीजा टिकटिंग और पासपोर्ट सेवाओं के लिए भी अलग अलग रजिस्ट्रेशन जरूरी होगा। हर सेवा के लिए 5 हजार रुपये फीस तय की गई है। इससे डंकी रूट और विदेश भेजने के नाम पर होने वाली धोखाधड़ी पर लगाम लगाने की कोशिश होगी।
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कैबिनेट ने जूनियर लेक्चर असिस्टेंट की भर्ती के नियमों में भी बदलाव किया है। अब इस पद के लिए 12वीं में फिजिक्स केमिस्ट्री मैथ या बायोलॉजी विषय होना जरूरी होगा। सीधी भर्ती के लिए पांच साल का लैबोरेटरी अटेंडेंट का अनुभव भी मांगा गया है। उम्मीदवारों की उम्र 18 से 42 साल तय की गई है।
इसके अलावा टीडीआर नीति में बदलाव को मंजूरी मिली है। अब जमीन का मूल्यांकन आवेदन जमा करने की तारीख पर लागू कलेक्टर रेट के हिसाब से होगा। टीडीआर सर्टिफिकेट का इस्तेमाल प्रदेश की दूसरी कम संभावित विकास योजनाओं में भी किया जा सकेगा।
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सरकार ने नई लैंड पूलिंग पॉलिसी 2026 को भी मंजूरी दी है। इसके तहत विकसित जमीन का 50 प्रतिशत हिस्सा भू मालिकों को और बाकी 50 प्रतिशत विकास एजेंसी को मिलेगा। भू मालिकों को हर एकड़ के हिसाब से सालाना एक लाख रुपये की अंतरिम आर्थिक सहायता भी दी जाएगी। यह सहायता चार साल तक मिलेगी।